सच बताऊं तो जब मैंने पहली बार Assi का ट्रेलर देखा था, तो मन में बस एक ही ख्याल आया – अनुभव सिन्हा फिर से कुछ तगड़ा लेकर आ रहे हैं। और जब 20 फरवरी 2026 को थिएटर में बैठकर Assi (अस्सी) देखी, तो कई दिनों तक सर से उतरी ही नहीं। ताप्सी पन्नू, कोर्टरूम ड्रामा, यौन हिंसा का भयानक सच, न्याय की टेढ़ी-मेढ़ी राह – यह सब मिलकर इस फिल्म को 2026 की सबसे ज़रूरी फिल्मों में खड़ा कर देते हैं। तो चलिए, मैं आपको बताता हूं कि इस फिल्म में ऐसा क्या है जो आपको देखनी चाहिए – या शायद नहीं भी।
- Assi 2026 – सारी डिटेल्स एक जगह
- कहानी क्या है Assi की?
- किसने क्या किरदार निभाया?
- एक्टिंग पर मेरी राय
- अनुभव सिन्हा ने इस बार क्या किया अलग?
- क्विज़ – खुद को टेस्ट करो
- गाने और बैकग्राउंड स्कोर
- बॉक्स ऑफिस पर हाल क्या रहा?
- OTT पर कब आएगी Assi?
- समीक्षकों ने क्या कहा?
- कुछ दिलचस्प बातें जो कम लोग जानते हैं
- देखें या छोड़ दें? मेरा फैसला
- आखिरी बात
- आम सवाल-जवाब (FAQ)
Assi 2026 – सारी डिटेल्स एक जगह
फिल्म के बारे में कुछ भी पढ़ने से पहले, चलो एक नज़र डालते हैं सारी बेसिक चीज़ों पर। मैंने यहां सब कुछ टेबल में रख दिया है ताकि आपको इधर-उधर भटकना न पड़े।
| चीज़ | डिटेल |
|---|---|
| नाम | Assi (अस्सी) – मतलब 80 |
| भाषा | हिंदी |
| टाइप | कोर्टरूम ड्रामा, सोशल ड्रामा |
| डायरेक्टर | अनुभव सिन्हा |
| राइटर | गौरव सोलंकी और अनुभव सिन्हा |
| प्रोड्यूसर | भूषण कुमार, कृष्ण कुमार, अनुभव सिन्हा |
| हीरोइन | ताप्सी पन्नू |
| बैनर | Benaras Mediaworks + T-Series Films |
| डिस्ट्रीब्यूटर | Panorama Studios |
| रिलीज़ | 20 फरवरी 2026 |
| लंबाई | 2 घंटे 13 मिनट (133 min) |
| कैमरा | Ewan Mulligan |
| एडिटिंग | Amarjit Singh |
| म्यूज़िक | Ranjit Barot |
| बजट | करीब 30 करोड़ |
| कमाई | लगभग 5.58 करोड़ |
| OTT | ZEE5 पर आने की उम्मीद |
| सर्टिफिकेट | 18+ (BBFC ने दिया) |
कहानी क्या है Assi की?
बिना ज़्यादा स्पॉयलर दिए बताता हूं। Assi में ताप्सी एक वकील हैं – नाम है एडवोकेट रावी। उनके पास एक ऐसा केस आता है जो यौन उत्पीड़न से जुड़ा है। अब यह केस आम नहीं है। ताकतवर लोग शामिल हैं। सिस्टम अपना खेल खेल रहा है। और पीड़िता के पक्ष में खड़ा होना मतलब पूरी दुनिया से लड़ना।
पूरी फिल्म कोर्टरूम के अंदर और बाहर घूमती है। कानूनी दांव-पेंच, गवाहों पर दबाव, समाज की वो चुप्पी जो अक्सर अपराधी से भी ज़्यादा खतरनाक होती है – सब कुछ इस कहानी में है। मुझे सबसे ज़्यादा वो हिस्सा पसंद आया जहां फिल्म बच्चों को दिखाती है – अगली पीढ़ी को। जैसे कह रही हो कि बदलाव यहीं से शुरू होगा।
कहानी की खास बातें
- यौन हिंसा के खिलाफ एक अकेली वकील की जंग
- समाज का वो चेहरा जो हम सब जानते हैं पर बोलते नहीं
- पितृसत्ता पर सीधा हमला – बिना लाग-लपेट के
- कोर्ट सिस्टम कैसे काम करता है – इसकी असली तस्वीर
- बच्चों के ज़रिए उम्मीद का एक छोटा सा रास्ता
किसने क्या किरदार निभाया?
कास्टिंग की बात करें तो अनुभव सिन्हा ने इस बार भी गज़ब के एक्टर्स जोड़े हैं। ताप्सी तो हैं ही, लेकिन बाकी सबने भी कमाल किया। एक-एक किरदार ऐसा लगता है जैसे असली ज़िंदगी से उठाकर रख दिया हो।
| कलाकार | किरदार |
|---|---|
| ताप्सी पन्नू | एडवोकेट रावी – मुख्य भूमिका, वकील जो केस लड़ती है |
| कानी कुसरुती | पारिमा |
| रेवती | वसुधा |
| मनोज पाहवा | दीपराज |
| कुमुद मिश्रा | कार्तिक |
| मोहम्मद ज़ीशान अय्यूब | विनय |
| सत्यजीत शर्मा | सामने वाले पक्ष का वकील |
| आद्विक जायसवाल | ध्रुव |
| विपुल गुप्ता | बल्लू |
| साहिल सेठी | समीर |
जिन दिग्गजों ने छोटी पर दमदार भूमिका निभाई
अब यह बात मुझे सबसे ज़्यादा अचंभित कर गई। तीन ऐसे नाम हैं जिन्हें देखकर थिएटर में सन्नाटा छा गया:
- नसीरुद्दीन शाह – बस कुछ मिनट के लिए आते हैं, लेकिन जो छाप छोड़ते हैं वो पूरी फिल्म भर रहती है
- सुप्रिया पाठक – इनके चेहरे के हाव-भाव ही काफी हैं डायलॉग से ज़्यादा
- सीमा पाहवा – हमेशा की तरह बेहतरीन
एक्टिंग पर मेरी राय
देखो, मैं यह बात बार-बार कहता हूं – ताप्सी पन्नू जब सही डायरेक्टर के साथ काम करती हैं तो जादू होता है। Assi में उनकी एक्टिंग देखकर मुझे ‘Thappad’ याद आ गई। लेकिन इस बार उन्होंने एक अलग ही लेवल छुआ है। कोर्ट में जब वो बोलती हैं, तो ऐसा लगता है कि वो सिर्फ ऑन-स्क्रीन नहीं, बल्कि असल में किसी के हक में लड़ रही हैं।
ताप्सी का वो सीन जो दिमाग में अटक गया
एक सीन है – बिना स्पॉयलर बताता हूं – जहां ताप्सी कोर्ट में चुपचाप खड़ी हैं। कोई डायलॉग नहीं। बस आंखें। उन आंखों में इतना कुछ है कि मैं कसम खाकर कहता हूं, थिएटर में पिनड्रॉप साइलेंस था। Bollywood Hungama ने भी खासतौर पर ताप्सी की तारीफ की है, और मुझे लगता है कि वो बिल्कुल सही हैं।
कानी कुसरुती – हिंदी सिनेमा की नई ताकत
मलयालम सिनेमा में तो कानी का नाम बड़ा है। लेकिन हिंदी ऑडियंस के लिए शायद यह पहला बड़ा एक्सपोज़र है। और क्या कहूं – उन्होंने पारिमा का किरदार ऐसे जिया है कि कई बार मुझे भूल गया कि मैं फिल्म देख रहा हूं। उनकी आंखों में जो दर्द था, वो स्क्रिप्ट से नहीं आता। वो अंदर से आता है।
बाकी कास्ट भी पीछे नहीं
मनोज पाहवा और कुमुद मिश्रा जैसे एक्टर्स के बारे में क्या बोलें – ये लोग ऐसे हैं कि कोई भी किरदार दे दो, सोने जैसा बना देंगे। ज़ीशान अय्यूब ने भी ठीक वही किया जो उनसे उम्मीद थी – सॉलिड परफॉर्मेंस, बिना किसी ओवरएक्टिंग के।
अनुभव सिन्हा ने इस बार क्या किया अलग?
अनुभव सिन्हा को मैं पिछले कुछ सालों से फॉलो कर रहा हूं। ‘Mulk’ से शुरू हुआ सिलसिला, फिर ‘Article 15’, फिर ‘Thappad’ – हर फिल्म ने कुछ न कुछ सोचने पर मजबूर किया। Assi भी उसी सिलसिले की कड़ी है, लेकिन इसमें एक फर्क है।
इस बार सिन्हा ने कहानी को ज़्यादा raw रखा है। मतलब कोई चीनी की परत नहीं। जो सच है, वो सीधा आपके मुंह पर मारा है। कुछ लोगों को यह अप्रोच पसंद आएगा, कुछ को नहीं। The Hollywood Reporter India ने भी इसी बात पर कमेंट किया कि “heavy-handed intent” कहीं-कहीं कहानी को खा गई। मगर मेरी राय थोड़ी अलग है – मुझे लगता है कि इस तरह के विषय पर नरम पड़ना सही नहीं होता।
कैमरे ने क्या कमाल किया
Ewan Mulligan ने सिनेमेटोग्राफी संभाली है। कोर्टरूम के सीन्स में जो तनाव बनता है, उसमें कैमरे का बहुत बड़ा रोल है। क्लोज़-अप शॉट्स, चेहरों पर ठहरता कैमरा – ये सब मिलकर एक घुटन पैदा करते हैं जो फिल्म की ज़रूरत भी है। Amarjit Singh की एडिटिंग ने 133 मिनट को ऐसे बांधा है कि बोरियत का मौका ही नहीं मिलता।
क्विज़ – खुद को टेस्ट करो
ऊपर जो पढ़ा उसमें कितना याद रहा? चलो देखते हैं! बस सही जवाब पर क्लिक करो।
सवाल 1: Assi का डायरेक्टर कौन है?
सवाल 2: ताप्सी पन्नू फिल्म में क्या बनी हैं?
सवाल 3: फिल्म बनाने में कितना पैसा लगा?
सवाल 4: Assi सिनेमाघरों में कब लगी?
सवाल 5: Assi OTT पर कहां आ सकती है?
गाने और बैकग्राउंड स्कोर
चलो एक बात मान लेते हैं – यह वो फिल्म नहीं है जहां आप “वाह क्या गाना है” बोलकर रील बनाएंगे। Assi का संगीत रणजीत बरोट ने तैयार किया है। बैकग्राउंड स्कोर – यही इस फिल्म का असली म्यूज़िकल हीरो है। कोर्ट के सीन्स में जो टेंशन बिल्ड होती है, उसमें बरोट के स्कोर का बहुत बड़ा हाथ है।
हां, एक गाना ज़रूर है जो मुझे पसंद आया – “Mann Hawa”। मोहित चौहान की आवाज़ सुनकर एक अलग सा सुकून मिलता है। यह गाना फरवरी की शुरुआत में ही रिलीज़ हो गया था।
| गाना | गीतकार | कंपोज़र | सिंगर |
|---|---|---|---|
| Mann Hawa | कुमार | रोचक कोहली | मोहित चौहान, परम्परा टंडन, रोचक कोहली |
साउंडट्रैक एल्बम T-Series से 1 फरवरी 2026 को आया। मोहित चौहान की वापसी इस गाने से हुई है, और सच कहूं तो उनकी आवाज़ हमेशा की तरह गज़ब लगी।
बॉक्स ऑफिस पर हाल क्या रहा?
अब यह वो हिस्सा है जो मुझे थोड़ा दुखी करता है। Assi जैसी ज़रूरी फिल्म को बॉक्स ऑफिस पर वो नंबर नहीं मिले जो मिलने चाहिए थे। पहले दिन सिर्फ 95 लाख? 30 करोड़ की फिल्म के लिए यह बहुत कम है।
| क्या | कितना |
|---|---|
| बजट | करीब 30 करोड़ |
| पहला दिन | 95 लाख |
| टोटल कमाई | लगभग 5.58 करोड़ |
| नतीजा | बॉक्स ऑफिस पर फ्लॉप |
Zee News ने रिपोर्ट किया कि ओपनिंग ‘Mulk’ और ‘Emergency’ जैसी फिल्मों के लेवल पर रही। (स्रोत: Zee News)
पैसे क्यों नहीं बने? मेरा अनुमान
मैंने कई सालों से देखा है कि ऐसी फिल्में बॉक्स ऑफिस पर संघर्ष करती हैं। इसकी वजहें बहुत क्लियर हैं:
- विषय इतना भारी है कि लोग फैमिली के साथ देखने से कतराते हैं
- 18+ सर्टिफिकेट ने ऑडियंस का दायरा और छोटा कर दिया
- कोई बड़ा “मसाला” एलीमेंट नहीं – न एक्शन, न रोमांस, न कॉमेडी
- कोर्टरूम ड्रामा जॉनर का इतिहास बॉक्स ऑफिस पर कभी शानदार नहीं रहा
- लोग ऐसी फिल्में OTT का इंतज़ार करके देखना पसंद करते हैं
लेकिन मेरा यह भी मानना है कि बॉक्स ऑफिस नंबर किसी फिल्म की quality तय नहीं करते। ‘Andhadhun’ भी शुरुआत में धीमी थी, फिर word of mouth ने कमाल किया। Assi के साथ OTT पर यही हो सकता है।
OTT पर कब आएगी Assi?
यह सवाल मुझसे बहुत लोगों ने पूछा है। थिएटर में कम कमाई होने के बाद Assi जल्दी ही OTT पर आ सकती है। रिपोर्ट्स के मुताबिक ZEE5 पर इसकी स्ट्रीमिंग होगी।
मेरा अंदाज़ा है कि मार्च-अप्रैल 2026 तक यह OTT पर आ सकती है, क्योंकि थिएट्रिकल रन ज़्यादा लंबा नहीं चला।
समीक्षकों ने क्या कहा?
यहां सबसे इंटरेस्टिंग बात यह है कि बॉक्स ऑफिस पर भले ही पैसे न बने हों, लेकिन क्रिटिक्स ने Assi को काफी पसंद किया। ज़्यादातर रिव्यूज़ 3 से 4 स्टार के बीच हैं। चलो देखते हैं किसने क्या बोला:
“Hard-hitting, horrifying, and heartfelt, this courtroom drama is impossible to ignore.” – अनदेखा करना मुमकिन नहीं।
“A film about complicity – familial, institutional and societal.” – परिवार, संस्था और समाज की मिलीभगत पर एक फिल्म।
“Unsettles and stays with you, powered by solid performances, especially by Taapsee Pannu and Kani Kusruti.”
“Not an easy watch, and it isn’t meant to be.” – आसान नहीं है, और बनाई भी ऐसी ही गई है।
“Totally and deliberately in your face.”
“It wants to provoke, to keep the wound open just long enough.” – जख्म खुला रखना चाहती है।
“Moments when you will get scared, angry, helpless…” – डर, गुस्सा, बेबसी – सब एक साथ।
“Despite being deeply political, not confined to any one side of the ideological discourse.”
“Harrowing, hard-hitting and high-minded – the triple-H crown of conscience-pricking Bollywood social drama.”
“Manages to unsettle you to the core. The impact lingers long after you’ve left the cinema hall.”
रेटिंग्स का सार
| कहां से | कितने स्टार |
|---|---|
| Times of India | 4 / 5 |
| Filmfare | 4 / 5 |
| Bollywood Hungama | 3.5 / 5 |
| India Today | 3.5 / 5 |
| Indian Express | 3 / 5 |
| Hindustan Times | 3 / 5 |
| Rediff | 3 / 5 |
| The Hindu | Positive |
| Scroll.in | Positive |
| Variety India | Positive |
कुछ दिलचस्प बातें जो कम लोग जानते हैं
हर फिल्म के पीछे कुछ ऐसी बातें होती हैं जो सामने नहीं आतीं। मैंने थोड़ी रिसर्च की तो कुछ मज़ेदार चीज़ें मिलीं:
- “अस्सी” मतलब 80। नाम सुनकर पहले मुझे भी समझ नहीं आया। लेकिन फिल्म देखने के बाद टाइटल का कनेक्शन क्लियर होता है।
- ट्रेलर ‘Border 2’ के साथ जोड़ा गया था। स्मार्ट मूव – बड़ी फिल्म के साथ ट्रेलर लगाओ तो ज़्यादा लोग देखें।
- ताप्सी और अनुभव सिन्हा तीसरी बार साथ आए। पहले Mulk, फिर Thappad, अब Assi। यह जोड़ी अब एक ब्रांड बन चुकी है।
- पूरी शूटिंग 2025 में हुई। यानी शूट से लेकर रिलीज़ तक करीब एक साल से भी कम का वक्त लगा।
- ब्रिटिश बोर्ड ने 18+ दिया। भारत में भी यह फिल्म बड़ों के लिए ही बनी है।
- नसीरुद्दीन शाह का कैमियो इतना शॉर्ट है कि अगर आप पॉपकॉर्न लेने गए तो मिस हो जाएगा। लेकिन उनकी एक लाइन पूरी फिल्म की जान है।
- गौरव सोलंकी ने ‘Article 15’ की स्क्रिप्ट भी लिखी थी। उनकी लिखावट में एक खास किस्म की तीखापन है जो इस फिल्म में भी दिखती है।
देखें या छोड़ दें? मेरा फैसला
ठीक है, सीधी बात। मैं कई सालों से फिल्में देखता हूं और रिव्यू लिखता हूं। हर फिल्म हर किसी के लिए नहीं होती। Assi के साथ भी यही बात है। तो चलो, दो लिस्ट बनाते हैं:
ज़रूर देखो अगर…
- तुम्हें Mulk, Article 15, Thappad जैसी फिल्में पसंद आई थीं
- ताप्सी पन्नू की एक्टिंग का फैन हो
- कोर्टरूम ड्रामा तुम्हारी फेवरिट जॉनर है
- तुम ऐसी फिल्में ढूंढ रहे हो जो सोचने पर मजबूर करे
- तुम समाज के मुद्दों पर खुलकर बात करने वाले सिनेमा को सपोर्ट करते हो
शायद छोड़ दो अगर…
- वीकेंड पर हल्की-फुल्की फिल्म देखने का मूड है
- यौन हिंसा जैसे विषय तुम्हें बहुत असहज करते हैं
- तुम 18 साल से कम हो
- तुम्हें एक्शन, कॉमेडी या रोमांस चाहिए
आखिरी बात
तो भाई, Assi 2026 की उन फिल्मों में से है जिन पर बात होनी चाहिए। ताप्सी पन्नू ने एक बार फिर दिखाया कि अच्छी एक्टिंग क्या होती है। अनुभव सिन्हा ने एक ऐसा विषय उठाया जिस पर बहुत कम लोग फिल्म बनाने की हिम्मत रखते हैं। कानी कुसरुती हिंदी सिनेमा के लिए एक नई खोज हैं।
हां, बॉक्स ऑफिस पर पैसे नहीं बने। 30 करोड़ लगाए, 5-6 करोड़ ही वापस आए। लेकिन मैंने हमेशा माना है – कुछ फिल्में टिकट खिड़की पर नहीं, दिलों में कमाई करती हैं। ZEE5 पर जब आएगी, तो मुझे पूरा भरोसा है कि लोग इसे देखेंगे और बात करेंगे।
अगर कोई मुझसे पूछे कि 2026 की कौन सी फिल्म ज़रूर देखनी चाहिए, तो मैं बिना सोचे Assi का नाम लूंगा। आरामदायक नहीं है, पर ज़रूरी है। और आज के दौर में ज़रूरी फिल्में बनना बहुत मायने रखता है।
आपने Assi देखी? या देखने का प्लान बना रहे हो? नीचे कमेंट में बताओ कि आपको क्या लगता है। और हां, अगर यह रिव्यू काम का लगा तो अपने दोस्तों को भी भेज दो – शायद उन्हें भी यह जानकारी काम आए!